अधिकारीगण तथा कर्मचारी/कर्मकार/नियोजितो की
शक्तियां और कर्तव्यॅं
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कार्यपालन यंत्री
,अनु विभागीय अधिकारी के अलावा
उसके खण्ड के भीतर किसी अधिकारी का स्थानान्तर
करने में सक्षम है।
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अधीक्षण यंत्री सहायक यंत्री गण,
उपयंत्री गण एवं अन्य गैर
राजपत्रित कर्मचारी वृन्द जो उसके सर्किल के
अधीन है, स्थानान्तरित
करने में सक्षम है।
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मुख्य अभियंता उसके परिक्षेत्र/परियोजना के अधीन
सहायक यंत्री गण,
उपयंत्री गण एवं अन्य गैर
राजपत्रित कर्मचारीवृन्द को स्थानान्तरित करने
में सक्षम है।
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प्रमुख अभियंता एक परिक्षेत्र/परियोजना से दूसरे
में सहायक यंत्री गण
,उपयंत्री गण एवं गैर राजपत्रित
कर्मचारीवृन्द को स्थानान्तरित करने में सक्षम
है।
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प्रशासनिक संरचना-प्रमुख अभियंता-
प्रमुख अभियंता शासन का वृत्तिक
सलाहकार होगा एवं विभाग के सभी कार्यो के लिये
दायी होगा। वह मुख्य अभियंतागण के मध्य समन्वित
प्राधिकारी भी होगा।
मुख्य अभियंता-
मुख्य अभिंयता उसकी अधिकरिता के
अन्तर्गत प्रशासन एवं कर्मचारीवृन्द को नियंत्रित
करने के सम्बंध में विभाग का शीर्ष होगा।
सर्किल-
विभाग की प्रशासनिक इकाई सर्किल
है । अधीक्षण यंत्री स्वयं के प्रभार में होने
वाले के भीतर कार्यो के निष्पादन एवं प्रबंध के
लिये दायी है।
संभाग-
(क)
विभाग की कार्यकारी इकाई कार्यपालन यंत्री के
प्रभार में होने वाला संभाग है जो सहायक यंत्री गण
के लिये विहित लेखा परीक्षा उत्तीर्ण कर चुका है।
कार्यपालन यंत्री उसके संभाग के अन्तर्गत कार्यो
के प्रबन्ध एवं निष्पादन के लिये दायी है।
(ख) संभाग अधिकारी संभाग के
प्राथमिक संवितरक के रूप में संपूर्ण संभाग के सभी
वित्तीय संव्यवहारों एवं खातों के उचित रख रखाव के
लिये दायी होगा। अंकेक्षण एवं सामान्य लेखों में
सम्मिलित करने के लिये नियत दिनांक तक उससे
महालेखाकार को लेखे प्रस्तुत करनें के अतिरिक्त,
यह अपेक्षा भी की जाती है कि वह
यह भी सुनिश्चित करेगा कि उसके संभाग के लेखों को
बकाया होने की अनुमति नहीं दी गई है।
उप-खण्ड-
संभाग को उप-खण्डों में विभक्त
किया जाता है। प्रत्येक उप-खण्ड सहायक यंत्री के
प्रभार में होगा जो विहित लेखा परीक्षा उत्तीर्ण
कर चुका है, अनुविभागीय
अधिकारी उसके उप-खण्ड के अधीन कार्य के निष्पादन
एवं प्रबन्ध के लिये कार्यपालन यंत्री के प्रति
जिम्मेदार है।
अनुभाग-
उपखण्ड को उपअभियंता के प्रभार
में , अनुभागों में विभक्त
किया जाता है जो कि उसके अनुभाग में कार्य के
निष्पादन एवं प्रबन्ध के लिये दायी होगा। अनुभाग,
उनकी सीमायें,
उवं मुख्यालय को सहायक यंत्री
द्वार नियत किया जावेगा। किसी अभियंता को अनुभाग
का प्रभार नहीं दिया जायेगा जब तक कि वह विहित
प्रशिक्षित कार्यक्रम को नहीं ले चुका है अथवा
लेखे परीक्षा को उत्तीर्ण नहीं कर चुका है।
विभिन्न अधिकारिायों के कर्तव्य
निदबजपवद एवं जिम्मेदारी मध्य प्रदेश कार्य विभाग
नियमावली १९८३ खण्ड-प्प् भाग प् के अपेन्डायस से
१.२२ से १.३०,१.३३ त्मंक
पूजी (Ammended)/
Administrative circulars issued/uptodate में
विस्तृत रूप से दर्शाये गये है। इसके साथ-साथ
म.प्र. वित्त संहिता वाल्यूम ट एवं प्प् में निहित
अधिकार भी उपरोक्त अधिकारियों को प्रदत्त है।
Administrative Powers
Transfer Policy
Financial Powers
DUTIES, FUNCTIONS AND RESPONSIBILITIES